प्रेम, करुणा और बोधिचित्त का महत्त्व
बोधिचित्त की सहायता से हम परहित हेतु अपने भविष्य की ज्ञानोदय प्राप्त अवस्था को लक्षित करते हैं, और साथ ही अपने सकारात्मक गुणों - प्रेम, करुणा, विचारशीलता - के द्वारा, हम जैसे-जैसे उन्नति करते हैं वैसे-वैसे अपने तथा दूसरों के लिए लाभ तथा अधिकाधिक आनंद की सृष्टि करते हैं।