अनादि एवं अनंत चित्त
वास्तविक धर्म से पूर्व धर्म-लाइट की आवश्यकता जब हम बोधिसत्त्व मार्ग पर अग्रसर होते हैं, तब हम चेष्टा करते हैं कि हम अपने पर ध्यान न देकर, दूसरों के प्रति चिंतित रहें। किन्तु, एक विमुक्त सत्त्व, एक अर्हत, बनने से पहले हम अपने सभी अशांतकारी मनोभावों पर विजय नहीं पा सकते।...